फूड के बिना हम किसी भी जीव की कल्पना नहींं कर सकते हैं। यदि खाना नहीं हो तो पृथ्वी से जीवों का अस्तित्व ही खत्म हो जाए। समय के साथ जब बाकी चीजे बदली है तो हमारे खान-पान (food technology) में भी काफी बदलाव आए है। आजकल प्रोसेस्ड फूड का एक नया विकल्प हमारे सामने आ गया है। आज फूड का इंडस्ट्रीयल तौर पर निर्माण करने के लिए फूड टेक्नोलॉजी हमारे सामने आई है।
जैसे-जैसे हमारी निर्भरता प्रोसेस्ड फूड पर बढ़ती जा रही है वैसे फूड टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में करियर की कई संभावनाएं और अवसर भी पैदा हो रहे है। एक रिपोर्ट के अनुसार फूड प्रोसेस की मल्टीनेशनल कंपनियां भारत आ रही है लेकिन भारत में कुशल लोगों की कमी है। आज इस फील्ड में करियर की कई संभावनाएं है। अगर आप इस तेजी से बढ़ते क्षेत्र में करियर बनाना चाहते है तो आपको इस फील्ड से जुड़ा कोर्स करना होगा।
योग्यता:
अगर आप भी फूड टेक्नोलॉजी में करियर बनाना चाहते है तो आपको 12वीं साइंस (मैथ्स/बायो) के साथ पास करना होगा। 12वीं के बाद आप फूड टेक्नोलॉजी में ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन कर सकते है।
जॉब प्रोफाइल | food technology
एक फूड टेक्नोलॉजिस्ट को फूड प्रोसेस के सभी काम करने होते है इसमें उस फूड की गुणवत्ता, स्वाद और रंग-रूप का ख्याल रखना होता है। इसके अलावा एक फूड टेक्नोलॉजिस्ट कच्चे और बने हुए माल की गुणवत्ता, स्टोरेज और हाइजिन आदि की निगरानी भी करता है। एक फूड प्रोसेस अपनी पूरी तरह से फूड टेक्नोलॉजिस्ट पर ही निर्भर करती है।
फूड टेक्नोलॉजी दो भागों में बंटा है:
- मैनुफेक्चर्ड प्रोसेसेज: फूड टेक्नोलॉजी इस भाग में कच्चे उत्पाद जैसे अनाज, दूध, सब्जियों आदि उत्पादों का भौतिक स्वरूप बदलकर उसे खाने और बिक्री योग्य बनाया जाता है।
- वैल्यु एडेड प्रोसेसेज: फूड टेक्नोलॉजी इस भाग में कच्चे खाद्य उत्पादों में ऐसे कई बदलाव किए जाते है जिससे वह सुरक्षित और कभी भी खाने लायक बन जाते है। जैसे टमाटर सॉस और आइसक्रीम।
करियर के कुछ सामान्य प्रकार | food technology
- खाद्य वैज्ञानिक: खाद्य वैज्ञानिक भोजन की रासायनिक, भौतिक और जैविक विशेषताओं का अध्ययन करते हैं।
- वे नए खाद्य उत्पादों को विकसित करने, खाद्य प्रसंस्करण विधियों में सुधार करने और खाद्य गुणवत्ता नियंत्रण मानकों को बनाए रखने के लिए जिम्मेदार हैं।
- खाद्य इंजीनियर: खाद्य इंजीनियर खाद्य प्रसंस्करण उपकरण और प्रणालियों को डिजाइन और विकसित करते हैं।
- वे खाद्य प्रसंस्करण संयंत्रों के संचालन और रखरखाव के लिए भी जिम्मेदार हैं।
- खाद्य उत्पाद विकास प्रबंधक: खाद्य उत्पाद विकास प्रबंधक नए खाद्य उत्पादों के विकास का नेतृत्व करते हैं।
- वे बाजार अनुसंधान का संचालन करने, उत्पाद अवधारणाओं को विकसित करने और नए उत्पादों के लॉन्च की योजना बनाने के लिए जिम्मेदार हैं।
- खाद्य गुणवत्ता नियंत्रण प्रबंधक: खाद्य गुणवत्ता नियंत्रण प्रबंधक यह सुनिश्चित करते हैं कि खाद्य उत्पाद सभी गुणवत्ता मानकों को पूरा करते हैं।
- वे खाद्य परीक्षण प्रयोगशालाओं का प्रबंधन करने और खाद्य गुणवत्ता नियंत्रण प्रक्रियाओं को लागू करने के लिए जिम्मेदार हैं।
प्रमुख कोर्सेस:
- बीएससी (आॅनर्स) फूड टेक्नोलॉजी
- बीटेक फूड टेक्नोलॉजी
- एमटेक फूड टेक्नोलॉजी
- पीजी डिप्लोमा इन फूड साइंस एंड टेक्नोलॉजी
- एमबीए (एग्री बिजनेस मैनेजमेंट)
कोर्स के बाद यहां मिलेगी नौकरी | food technology
फूड टेक्नोलॉजी में कोर्स करने के बाद आपके पास नौकरी के कई विकल्प होते हैं।
आप इससे जुड़ी फिल्ड जैसे फूड प्रोसेसिंग यूनिट, रिटेल कंपनी, होटल्स, एग्री प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनी से जुड़कर काम कर सकते है। इसके अलावा आपको कई प्रयोगशालाओं में भी काम मिल सकता है जो खाद्य वस्तुओं पर रिसर्च और उन्हें संरक्षित करने का काम करती है।
- सैलरी: फूड टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में शुरूआती तौर पर आपको 10 से 15 हजार रुपए आसानी से मिल जाते है।
- कुछ सालों के एक्सपीरियंस के बाद आप 30 हजार रुपए महीने या इससे ज्यादा कमा सकते है।
- इसके अलावा आप खुद भी फूड टेक्नोलॉजी के बिजनेस में आकर अच्छा पैसा कमा सकते है।
प्रमुख संस्थान
- दिल्ली यूनिवर्सिटी, दिल्ली
- इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी, दिल्ली
- बुंदेलखंड यूनिवर्सिटी, झांसी
- कानपूर यूनिवर्सिटी, कानपूर
- कोलकाता विश्वविद्यालय, कोलकाता
- गुरू नानक देव यनिवर्सिटी, अमृतसर
- मुंबई यूनिवर्सिटी, मुंबई
- सेंट्रल फूड टेक्नोलॉजी रिसर्च इंस्टीट्यूट, मैसूर
- बिरला इंस्टीट्यूट आॅफ टेक्नोलॉजी, मेसरा
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